Thursday, March 14, 2013
Wednesday, March 13, 2013
रंग-बिरंगी दिन समेट कर भेज दिये !
2013 इस थैला का नाम दिये है !
इनमे कुछ तो ऐसे होंगे,
जो हमारे-आपके खुशियों के होंगे,
सबसे पहले उन्हें चुन लूँ मै,
फिर बोलूँगा "साल मुबारक" वरना अपना वही "हाल मुबारक"............. (अमित राय)
आज भी याद है..............
हम भूल गये हर बात,
मगर तेरी हर अदा मुझे याद है,
दिन में वो रात वाली बात,
आज भी याद है..............
हाथ पे तेरा वो हाथ रखना,
भीड़ में भी तेरा साथ चलना,
रात भर साथ होने के बाद भी,
सुबह मेरा इंतजार करना .....
आज भी याद है ................... ( अमित राय)
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